कविताएँ

ग़ज़ल..२८ ..बहुत याद आये वो जाने के बाद ..

बहुत याद आये वो जाने के बाद ..
मिले थे जो एक जमाने के बाद..

बताएं कैसे वो बेखुदी की बातें..
रूठ जाते थे जो मनाने के बाद..
साँझ- सवेरे यूँ ही आते-जाते हैं ..
थमे हैं वो लम्हें बिताने हे बाद..
इम्तहाने -जिन्दगी पास करूँ कैसे ..
भूल जाता हूँ सबक याद आने के बाद ..
दुनिया है तो दुःख-दर्द भी 'रंजन'..
सब भूल जाओगे मुस्कराने के बाद ..
राजेंद्र '' रंजन "